पाइथागोरस प्रमेय — विज़ुअल प्रदर्शन
पाइथागोरस प्रमेय (Pythagorean Theorem) गणित के सबसे प्रसिद्ध परिणामों में से एक है: किसी भी समकोण त्रिभुज (right triangle) में, जहाँ भुजाएँ a और b हैं और कर्ण (hypotenuse) c है,
a² + b² = c²
आइए इसे असली संख्याओं से खेलकर समझते हैं।
अपनी भुजाओं की लंबाई चुनें
स्लाइडर की मदद से समकोण त्रिभुज की दो भुजाएँ सेट करें। कर्ण अपने-आप गणना हो जाएगा।
प्रसिद्ध त्रिक (triple): a = 3 और b = 4 सेट करें। आपको c = 5 मिलेगा — यह सबसे प्रसिद्ध पाइथागोरस त्रिक है। a = 5, b = 12 भी आज़माएं (c = 13 आएगा)।
समकोण त्रिभुज का ग्राफ
नीचे का ग्राफ एक समकोण त्रिभुज दिखाता है — एक भुजा x-अक्ष पर (लंबाई a) और दूसरी y-अक्ष पर (लंबाई b)। कर्ण (a, 0) से (0, b) को जोड़ता है।
कर्ण (0, b) से (a, 0) तक की रेखा है। इसकी लंबाई ठीक sqrt(a² + b²) होती है — यही पाइथागोरस प्रमेय काम करते हुए दिखता है।
क्षेत्रफल का संबंध
यह प्रमेय वास्तव में क्षेत्रफलों (areas) के बारे में है। अगर आप त्रिभुज की हर भुजा पर एक वर्ग बनाएँ:
- भुजा a पर वर्ग का क्षेत्रफल a² होगा
- भुजा b पर वर्ग का क्षेत्रफल b² होगा
- कर्ण पर वर्ग का क्षेत्रफल c² = a² + b² होगा
दोनों छोटे वर्गों का कुल क्षेत्रफल बड़े वर्ग के बिल्कुल बराबर होता है।
लाल रेखा (c²) हमेशा नीली (a²) और सियान (b²) रेखाओं के योग के बराबर होती है। भुजाओं को बदलकर देखें — क्षेत्रफल बदलते हैं, लेकिन यह संबंध हमेशा बना रहता है।
समकोण त्रिभुज से आगे: अगर a² + b² > c² है, तो त्रिभुज न्यूनकोण (acute) है (सभी कोण < 90°)। अगर a² + b² < c² है, तो यह अधिककोण (obtuse) है (एक कोण > 90°)। पाइथागोरस प्रमेय सीमा रेखा पर है — ठीक समकोण वाला मामला।
भुजाएँ बदलने पर c कैसे बदलता है
यह ग्राफ c = sqrt(x² + b²) को x के फलन (function) के रूप में दिखाता है, जहाँ b आपके स्लाइडर से सेट होता है। यह सीधी रेखा नहीं है — यह एक वक्र (curve) है जो a बढ़ने पर धीरे-धीरे बढ़ता है।
चुनौती: एक सीढ़ी दीवार से टिकी है। सीढ़ी का निचला सिरा दीवार से 6 फुट दूर है और सीढ़ी की लंबाई 10 फुट है। सीढ़ी दीवार पर कितनी ऊँचाई तक पहुँचती है? अपने उत्तर को स्लाइडर से जाँचें। (संकेत: सीढ़ी कर्ण है।)